LawRato

For 125 Maintenance Case Inquirie


09-Oct-2023 (In Family Law)
मेरी बहन जो ससुराल पक्ष द्वारा,पिछले दस बरसो से घरेलू हिंसा व प्रताडना का शिकार रही है। इस साल मई मे उसके पति समेत ससुराल के लोगो ने उसके साथ बहुत मार पीट की,उसको मारा। जिसके बाद उसने 498 घरेलू हिंसा और 125 के तहत केस कर दिया था,इसके बाद मेरे बहन और उसके पति के बीच कुछ टेलीफोनिक बातचीत हुई,जिसके तहत बहन के पति द्वारा माफी माग गया,और अब कभी भी ऐसी गलती न दुहराने तथा केस वापस रख फिर से साथ रहने को कहा जाने लगा। मेरी बहन चूंकि रिश्ते को,जीवन के रिस्क कि कीमत पर निभाना चाह रही है,उसने सितंबर मे दोनो केस का पहली सुनवाई मे 125 मे समझौता कर लिया,और केस वापस ले लिया, 498 केस अभी भी चालू है जिसकि अगली सुनवाई दिसंबर मे है। जिसमे समझौता करने का सोच रसी है।बहन मेरी अपने रिश्ते और परिवार का सोच कर रिस्क ले रही है। इसलिए हम उसके फैसले पर कोई रोक टोक नही कर रहे है। कृपया मुझे सलाह दे कि अगर 498 मे समझौता करे तो किस शर्तो पर और कैसे करें?। दूसरा प्रश्न यह हे कि मान लीजिए समझतौ नही किया 498 मे तो क्या 125 crpc का केस पुनः दायर कर सकते है। वापस ले लिया गया है तो। एक छ साल बच्ची भी है बहन कि।
Answers (2)

Answer #1
628 votes
hanji bilkul ap fir se bhi 125 ka case krsakte hain agar everything is settled between both party to bilkul ap 498 ka case bapas le sakte hain ... and agar fir se bhi ap agar 498 ka case lagte hain to apke pass proof bhi rahega ki apne pahle bhi lagaya tha and inlogon ne mafi Mang li our ap apni petition withdraw Kar Rahe hain to ap karsakte hain but mera apko yahi advise rahega ki apke beech sab theek hogya hai to out of the court settled kijiye and withdraw kr lijiy apke 489 ko
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Answer #2
619 votes
जी हां, समझौते के पश्चात यदि पुनः आपकी बहन के ससुराल पक्ष के द्वारा प्रताड़ना की जाती है तो 498 का मामला नए तथ्यों पे लगाया जा सकता है। यदि समझौता करते हैं तो आप न्यायालय के समक्ष पूर्व में हुए प्रताड़ना या मारपीट के विरुद्ध नहीं जा सकते । हां, समझौते के पश्चात यदि फिर से बहन को ससुराल पक्ष से अलग होना पड़ता है तो आप फिर से भरण पोषण का मुकदमा दर्ज कर सकते हैं।
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